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नीमच।   जिला केंद्रीय भूजल बोर्ड की गाइडलाइन के अनुसार अति दोहित श्रेणी में आता है। भूजल पर निर्भरता कम करने और वर्षा जल का अधिकतम संचयन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिले में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा खेत तालाब निर्माण को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है। कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अमन वैष्णव के नेतृत्व में किसानों को अपने खेतों में वर्षा जल संग्रहण की व्यवस्था विकसित करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। इसी पहल के तहत जल गंगा संवर्धन अभियान-2025 के दौरान जिले में खेत तालाब निर्माण के लिए स्वीकृतियां प्रदान की गई थीं। वर्ष 2026 में इन सभी स्वीकृत खेत तालाबों का निर्माण कार्य पूर्ण कराया गया। पूर्व में खेत तालाब निर्माण का कार्य मुख्य रूप से मनासा विकासखंड के एक क्लस्टर तक सीमित था, लेकिन अभियान के तहत जिले के तीनों विकासखंडों में 200-200 खेत तालाब निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया। इसके विरुद्ध जिले में 683 से अधिक खेत तालाबों का निर्माण पूर्ण किया जा चुका है। किसानों को मिल रहा सिंचाई के लिए पानी खेत तालाब वर्षा जल संचयन का प्रभावी माध्यम बन रहे हैं। किसान बारिश के पानी को अपने खेतों में संग्रहित कर सिंचाई एवं अन्य उपयोगों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित कर रहे हैं। इससे खरीफ और रबी दोनों मौसमों में फसलों की सिंचाई में सुविधा मिल रही है। पर्याप्त पानी उपलब्ध होने से किसान पारंपरिक फसलों के साथ सब्जियों एवं अन्य नगदी फसलों का उत्पादन भी कर पा रहे हैं, जिससे उनकी आय में वृद्धि की संभावनाएं बढ़ी हैं। बोरखेड़ी खुर्द के किसान के खेत तालाब में अब भी पर्याप्त पानी ग्राम पंचायत झालरी के ग्राम बोरखेड़ी खुर्द के किसान श्री सीताराम मन्नालाल के खेत में निर्मित तालाब इसका उदाहरण है। खेत तालाब में वर्तमान समय में भी पर्याप्त पानी उपलब्ध है, जिसका उपयोग किसान सिंचाई के लिए कर रहे हैं। वर्षा जल के संग्रहण से किसान को जरूरत के समय पानी मिल रहा है तथा भूजल पर निर्भरता कम करने में भी मदद मिल रही है। खेत तालाब निर्माण से न केवल सिंचाई के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित हो रही है, बल्कि भविष्य में मछली पालन एवं सब्जी उत्पादन जैसी गतिविधियों के माध्यम से किसानों के लिए अतिरिक्त आय के अवसर भी विकसित हो रहे हैं। इस प्रकार खेत तालाब जल संरक्षण के साथ-साथ कृषि उत्पादन और ग्रामीण आजीविका को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।